उत्तराखंड:4064 करोड़ का अनुपूरक बजट प्रस्तुत

Uttarakhand Vidhan Sabha Session: सदन में पेश किया गया 4063.79 करोड़ का अनुपूरक बजट

विधानसभा के सोमवार से शुरू होने वाले तीन दिवसीय शीतकालीन सत्र के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उत्‍तराखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र शुरू में सोमवार को 4063.79 करोड़ का अनुपूरक बजट पेश किया गया। राजस्व मद में 2071.42 करोड़ और पूंजीगत मद में 1992.36 करोड़ का प्रविधान किया गया। सदन की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी गई
देहरादून 21 दिसंबर। उत्‍तराखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र शुरू में सोमवार को 4063.79 करोड़ का अनुपूरक बजट पेश किया गया। राजस्व मद में 2071.42 करोड़ और पूंजीगत मद में 1992.36 करोड़ का प्रविधान किया गया। सदन की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी गई।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने विधानसभा सत्र की कार्रवाई में वर्चुअल प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने दिवंगत विधायक सुरेंद्र सिंह जीना, पूर्व विधायक केसी पुनेठा, सुन्दरलाल मंद्रवाल, अनुसूया प्रसाद मैखुरी और तेजपाल सिंह पंवार को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय सुरेंद्र सिंह जीना का भावपूर्ण स्मरण करते हुए कहा कि जीना जी युवा, कर्मठ और ऊर्जावान विधायक थे। अभिवादन करने का उनका अपना तरीका था। उनके असमय जाने से हम सभी अत्यंत दुखी हैं। मुख्यमंत्री ने पूर्व विधायक स्वर्गीय केसी पुनेठा को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि वे बहुत जुझारू व सहनशील व्यक्तित्व के थे।

पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष स्वर्गीय अनुसूया प्रसाद मैखुरी का स्मरण करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे अत्यंत विनम्र और सज्जन थे। मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2002-03 में एक आंदोलन के दौरान उन्हें गम्भीर चोट लगी तो मैखुरी जी ने उनका हाथ पकड़ कर अस्पताल जाने को कहा। पूर्व विधायक स्वर्गीय सुन्दरलाल मंद्रवाल विनम्रता और सादगीपूर्ण व्यक्तित्व थे। वे सच्चे मायनों में गांधीवादी थे। उनमें कोई अहम नजर नहीं आता था। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व विधायक स्वर्गीय तेजपाल सिंह पंवार सीधी और सपाट बात करते थे। उन्होंने कभी असत्य का सहारा नहीं लिया।

विधानसभा के सोमवार से शुरू होने वाले तीन दिवसीय शीतकालीन सत्र के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। पहले दिन दिवंगत विधायक सुरेंद्र सिंह जीना के अलावा चार पूर्व विधायकों को श्रद्धांजलि देने के बाद अनुपूरक मांगें पटल पर रखी जाएंगी। अगले दिन प्रश्नकाल चलेगा और अनुपूरक मांगों पर चर्चा के साथ ही पांच विधेयक प्रस्तुत किए जाएंगे। कोरोना संक्रमित होने के कारण नेता सदन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत सदन में मौजूद नहीं रहेंगे। वह वर्चुअली सत्र से जुड़ सकते हैं। उधर, सत्र की कम अवधि को लेकर कांग्रेस ने आपत्ति उठाते हुए अवधि बढ़ाने की मांग की है। साथ ही किसान आंदोलन, महंगाई, भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर विपक्ष की सरकार को घेरने की तैयारी है। हालांकि, सरकार ने भी विपक्ष के सवालों का जवाब देने के लिए रणनीति तय कर ली है। ऐसे में सत्र के हंगामेदार रहने के आसार हैं।

कांग्रेस का सरकार पर हमला

दिवंगत विधायक सुरेंद्र सिंह जीना के निधन के मामले में सरकार पर उपेक्षा करने का आरोप लगाया। सदन से बाहर पत्रकारों से बातचीत में उप नेता प्रतिपक्ष करन माहरा व कांग्रेस विधायक काजी निजामुद्दीन ने सत्तारूढ़ दल के विधायक पूरन सिंह फर्त्याल के सदन में दिए वक्तव्य का उल्लेख किया। विधायक जीना की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव थी, बावजूद इसके सरकार ने उनकी अंत्येष्टि राजकीय सम्मान के साथ नहीं की। उन्होंने कहा कि राज्य विधानसभाओं में विधायक के निधन के बाद शोक स्वरूप सदन की कार्रवाई स्थगित रखने की परंपरा है। सरकार ने इसका पालन नहीं किया। निधन के निदेश के बाद अनुपूरक बजट रखा जाना सरकार की कार्य प्रणाली पर प्रश्नचिह्न है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *