Fact check: मोदी ने नहीं किया एक करोड़ कोरोना रोगियों के इलाज का दावा

Fact Check: PM मोदी ने नहीं किया कोरोना वायरस से संक्रमित एक करोड़ मरीजों के मुफ्त इलाज का दावा

नई दिल्ली । सोशल मीडिया पर एक हिंदी न्यूज चैनल के ब्रेकिंग प्लेट का स्क्रीन शॉट वायरल हो रहा है, जिसमें लिखा हुआ है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक कार्यक्रम के दौरान 1 करोड़ कोरोना संक्रमित मरीजों के ठीक होने का दावा किया है।

हमारे पड़ताल में यह दावा गलत निकला। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक करोड़ कोरोना संक्रमित मरीजों के मुफ्त में इलाज का दावा नहीं किया था, बल्कि उनके नाम से गलत बयान को चलाया गया था।

क्या है वायरल पोस्ट में?
फेसबुक यूजर ‘Humorously Serious’ ने वायरल पोस्ट (आर्काइव लिंक) को शेयर करते हुए लिखा है, ” 1 crore treated. 👏😅 Last I checked even the worldometer hasn’t reached this number.”
हिंदी में इसे ऐसे पढ़ा जा सकता है, ”एक करोड़ का इलाज। जो मैंने चेक किया है उसके मुताबिक दुनिया भर में भी मरीजों की इतनी संख्या नहीं है।”

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा स्क्रीन शॉट
पड़ताल किए जाने तक इस पोस्ट को 800 से अधिक लोग शेयर कर चुके हैं। सोशल मीडिया पर कई अन्य यूजर्स ने इस ब्रेकिंग प्लेट को शेयर किया है।

पड़ताल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 31 मई को ‘मन की बात’ कार्यक्रम के जरिए राष्ट्र को संबोधित किया था। वेरिफाइड यू-ट्यूब चैनल ‘Narendra Modi’ पर इस कार्यक्रम का वीडियो मौजूद है। इस वीडियो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आयुष्मान भारत योजना के बारे में बात करते हुए कहा था कि इस योजना की मदद से देश के करीब एक करोड़ लोगों का मुफ्त में इलाज किया जा चुका है।
29 मिनट 40 सेकेंड के इस वीडियो में 17.35 से 18.07 सेकेंड के फ्रेम पर प्रधानमंत्री मोदी को यह कहते हुए सुना जा सकता है, ‘हमारे देश में करोड़ों-करोड़ गरीब दशकों से बहुत बड़ी चिंता में रहते आए हैं। अगर बीमार पड़ गए तो क्या होगा….अपना इलाज कराएं या परिवार की रोटी की चिंता करें। इस तकलीफ को समझते हुए…इस चिंता को दूर करने के लिए करीब डेढ़ साल पहले आयुष्मान भारत योजना शुरू की गई थी। कुछ ही दिन पहले आयुष्मान भारत के लाभार्थियों की संख्या एक करोड़ के पार हो गई है।’
यानी प्रधानमंत्री ने एक करोड़ कोरोना मरीजों के इलाज के बारे में नहीं कहा, बल्कि उन्होंने यह कहा कि आयुष्मान भारत योजना में अब तक एक करोड़ से ज्यादा लोगों का इलाज किया जा चुका है।
pmjay.gov.in के आंकड़ों से इसकी पुष्टि होती है। वेबसाइट पर दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, 2 जून तक 2020 तक इस योजना के तहत एक करोड़ दो लाख से अधिक मरीजों को अस्पताल में भर्ती किया जा चुका है।


Source-PMJAY
वायरल हो रहे स्क्रीनशॉट को लेकर हमने इंडिया टीवी की एक्जीक्यूटिव एडिटर अनीता शर्मा से संपर्क किया। भेजे गए मैसेज का जवाब देते हुए उन्होंने कहा,‘कोरोना महामारी की वजह से जारी लॉकडाउन के बीच 31 मई 2020 को माननीय प्रधानमंत्री ने मन की बात के जरिए राष्ट्र को संबोधित किया। उनके इस कार्यक्रम का इंडिया टीवी पर लाइव प्रसारण किया गया। दर्शकों की सुविधा के लिए प्रधानमंत्री के इस संबोधन की महत्वपूर्ण बातों को उनके भाषण के मुख्य अंश के तौर पर चलाया गया। मानवीय चूक की वजह से यह दिखाया गया कि एक करोड़ कोरोना मरीजों का फ्री में इलाज किया गया। हालांकि,वास्तव में यह कहा गया था कि आयुष्मान भारत योजना में एक करोड़ मरीजों का फ्री में इलाज किया गया। प्रसारण के दौरान ही टीम ने इस गलती को देख लिया था और उसमें सुधार भी कर दिया गया। इस बारे में उसी दिन रात नौ बजकर 45 मिनट पर सुधार के तौर पर स्पष्टीकरण भी जारी किया गया,जिसे इंडिया टीवी पर प्रसारित भी किया गया।’
इंडिया टीवी के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर इस स्पष्टीकरण को देखा जा सकता है।

India TV

@indiatvnews
#Correction कल मन की बात के प्रसारण के दौरान ये खबर चली कि भारत में कोरोना के एक करोड़ मरीज़ों का इलाज हुआ। ये मानवीय भूल थी। हम साफ कर दें कि भारत में कोरोना मरीज़ों की संख्या इतनी ज्यादा नहीं है। इस गलती के लिए हमें खेद है।
एम्बेडेड वीडियो
1,431
4:25 pm – 1 जून 2020
406 लोग इस बारे में बात कर रहे हैं
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के (2 जून सुबह 8 बजे तक) आंकड़ों के मुताबिक, देश में कोरोना वायरस के एक्टिव मामलों की संख्या 97,581 है, जबकि 95,526 संक्रमित लोगों का इलाज किया जा चुका है। इस वायरस से अब तक देश में 5598 लोगों की मृत्यु हुई है।


Source-स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय
वायरल वीडियो शेयर करने वाले फेसबुक पेज को करीब बीस हजार लोग फॉलो करते हैं।
Disclaimer: हमारी कोरोना वायरस (COVID-19) से जुड़ी फैक्ट चेक स्टोरी को पढ़ते या उसे शेयर करते वक्त आपको इस बात का ध्यान रखना होगा कि जिन आंकड़ों या रिसर्च संबंधी डेटा का इस्तेमाल किया गया है, वह परिवर्तनीय है। परिवर्तनीय इसलिए क्योंकि इस महामारी से जुड़े आंकड़ें (संक्रमित और ठीक होने वाले मरीजों की संख्या, इससे होने वाली मौतों की संख्या ) में लगातार बदलाव हो रहा है। इसके साथ ही इस बीमारी का वैक्सीन खोजे जाने की दिशा में चल रहे रिसर्च के ठोस परिणाम आने बाकी हैं, और इस वजह से इलाज और बचाव को लेकर उपलब्ध आंकड़ों में भी बदलाव हो सकता है। इसलिए जरूरी है कि स्टोरी में इस्तेमाल किए गए डेटा को उसकी तारीख के संदर्भ में देखा जाए।
निष्कर्ष: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक करोड़ कोरोना वायरस संक्रमित मरीजों के मुफ्त इलाज का दावा नहीं किया था। मन की बात कार्यक्रम में उन्होंने आयुष्मान भारत योजना में एक करोड़ मरीजों के मुफ्त इलाज का जिक्र किया था।
CLAIM REVIEW : प्रधानमंत्री मोदी का दावा देश में एक कोरोना संक्रमित मरीजों का इलाज किया गयाCLAIMED BY : FB User-Humorously Serious
FACT CHECK : झूठ

Fact Check By
Abhishek Parashar
abhishekiimc

Re-Checked By
Pallavi Mishra
pallavimishraa_

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