गुरूवार 1015 नये कोरोना केसों में 275 दून,248 ऊधमसिंह नगर से,प्रदेश 28 हजार पार

उत्‍तराखंड में कोरोना के 1015 नए मामले आए, सबसे ज्‍यादा 275 मामले दून से

देहरादून,10 सितंबर। उत्‍तराखंड में कोरोना के मरीज और मौत के आंकड़े तेजी से बढ़ रहे हैं। गुरुवार को राज्‍य में 1015 नए मामले आए, जबकि 521 स्‍वस्‍थ्‍य हुए। सबसे ज्‍यादा 275 देहरादून, 248 ऊधम सिंह नगर, 157 हरिद्वार, 118 नैनीताल से आए। इसके अलावा 58 पौड़ी, 41 पिथौरागढ़, 30 रुद्रप्रयाग, 24 चमोली, 24 अल्‍मोड़ा, 21 टिहरी, 18 बागेश्‍वर और एक मामला उत्‍तरकाशी से आया। जबकि पांच मरीजों की मौत हुई। वहीं राज्‍य में अबतक 28226 पॉजिटिव केस आ चुके हैं, इनमें से 18783 ठीक हो चुके हैं। वर्तमान में कुल 8955 एक्टिव केस हैं, वहीं विभिन्‍न अस्‍पतालों में भर्ती 277 कोरोना संक्रमित मरीजों की की मौत हो चुकी है।

मुख्यमंत्री के विशेष कार्याधिकारी उर्बादत्त की शिक्षिका पत्नी का कोरोना से निधन         ऊर्बादत्त भट्ट मुख्यमंत्री  के साथ (फाइल फोटो)

मुख्यमंत्री के विशेष कार्याधिकारी उर्बादत्त भट्ट की पत्नी वर्षा गोनियाल का कोरोना से निधन हो गया है। टाइफाइड के इलाज को वे कैलाश हास्पिटल भर्ती हुई थी। वहां से रविवार को वह महंत इंद्रेश अस्पताल में  भर्ती हुई थी। उन्हें सांस लेने में अत्यधिक तकलीफ हो रही थी और गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें आइसीयू में रखा गया था। ओएसडी उर्बादत्त भट्ट स्वयं और उनकी मां भी कोरोना पॉजिटिव हैं और अस्पताल में भर्ती हैं। उनकी पत्नी शिक्षा विभाग में लेक्चरर के पद पर थीं। प्रतिनियुक्ति पर वे संस्कृत शिक्षा में उपनिदेशक के पद पर  थीं।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने अपने विशेष कार्याधिकारी ऊर्बादत्त भट्ट की धर्मपत्नी वर्षा गोनियाल भट्ट के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति व शोक संतप्त परिवार जनों को धैर्य प्रदान करने की प्रार्थना की है। मुख्यमंत्री ने अस्वस्थ चल रहे ऊर्बादत्त के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है।

उत्तराखंड में कोरोना के रिकॉर्ड 1117 मामले आए सामने

प्रदेश में कोरोना इस समय पूरे चरम पर है। बुधवार को प्रदेश में कोरोना के रिकॉर्ड 1117 नए मामले आए हैं। यह पहली बार है, जब एक दिन में एक हजार से अधिक लोग संक्रमित मिले हैं। स्थिति का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि पिछले नौ दिन में कोरोना के सात हजार से अधिक नए मामले आए हैं। यही नहीं एक्टिव केस भी साढ़े आठ हजार के करीब पहुंच गए हैं। चिंताजनक पहलू एक और भी है। कोरोना की दस्तक होने से अब तक यह पहली बार है जब किसी एक दिन संक्रमण दर 10.86 फीसद रही है। यानी कोरोना जांच में पॉजिटिव पाए जाने वाले व्यक्तियों का प्रतिशत भी बढ़ा है। इन हालात में सिस्टम की भी बेचैनी बढ़ने लगी है। उधर, खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन में भी कोरोना की पुष्टि हुई है। वह फिलहाल दून स्थित अपने लंढौरा हाउस में आइसोलेशन में हैं।

स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार अलग-अलग सरकारी व निजी लैब से 10281 सैंपलों की जांच रिपोर्ट प्राप्त हुई है। इनमें 9164 की रिपोर्ट निगेटिव है। ऊधमसिंह नगर में सबसे अधिक 321 लोग संक्रमित मिले हैं। देहरादून में 251 और लोग कोरोना की चपेट में आए हैं। हरिद्वार में भी 142 नए मामले मिले हैं। यहां जिला पंचायती राज अधिकारी भी पॉजिटिव मिले हैं। उन्होंने अपनी पत्नी-बच्चों का भी टेस्ट कराया था। इनमें बच्चों की रिपोर्ट निगेटिव और पत्नी की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। टिहरी में 82 व्यक्तियों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। वहीं पौड़ी में 68 और चंपावत में 51 नए मामले मिले हैं। इसके अलावा रुद्रप्रयाग में 49, नैनीताल में 36, अल्मोड़ा में 35, पिथौरागढ़ में 27 और उत्तरकाशी में 23 लोग संक्रमित पाए गए। एक्टिव मरीजों की संख्या बढ़ने से अस्पतालों में बेड फुल हो गए हैं। ऐसे में नए मरीजों को भर्ती करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। प्रदेश में अब तक कुल 27211 लोग संक्रमित हो चुके हैं। इनमें से 18262 व्यक्ति ठीक भी हो चुके हैं।

एक दिन में सर्वाधिक 789 मरीज ठीक

विभिन्न अस्पतालों व कोविड-केयर सेंटर से 789 मरीज ठीक होकर डिस्चार्ज हुए हैं। यह एक दिन में स्वस्थ हुए मरीजों की सर्वाधिक संख्या है। इससे पहले 31 अगस्त को एक दिन में 604 मरीज डिस्चार्ज हुए थे। बुधवार को स्वस्थ हुए मरीजों में 300 ऊधमसिंह नगर, 100 हरिद्वार, 98 टिहरी, 70 देहरादून, 62 नैनीताल, 55 पिथौरागढ़, 33 रुद्रप्रयाग, 20 चमोली, 18 उत्तरकाशी, 16 पौड़ी, 12 चंपावत, 04 अल्मोड़ा व एक मरीज बागेश्वर से है।

कृषि एवं भूमि संरक्षण अधिकारी समेत 12 की मौत

कोरोना संक्रमितों की मौत का आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है। बुधवार को प्रदेश में संक्रमण से 12 मरीजों की मौत हो गई। इनमें दो दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय, छह एम्स और चार मरीजों की मौत हल्द्वानी के डॉ. सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय में हुई है। दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय में 59 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत हुई है। वह पंजाब एंड सिंध बै

दून अस्पताल का एक्स-रे टेक्नीशियन संक्रमित, कक्ष बंद

देहरादून में कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है। पिछले सात-आठ दिन से रोजाना यहां दो-ढाई सौ से ज्यादा नए मामले मिल रहे हैं। स्थिति यह है कि जनपद में कोरोना संक्रमितों का कुल आंकड़ा छह हजार से अधिक हो गया है।  दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय में भी एक स्टाफ नर्स व एक एक्स-रे टेक्नीशियन संक्रमित मिला है। जिसके बाद पुरानी बिल्डिंग का एक्स-रे कक्ष बंद कर दिया गया है। उधर, पछवादून में भी विकासनगर के सरकारी अस्पताल में तैनात राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की अकाउंटेंट समेत नौ व्यक्तियों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इनमें सेलाकुई की एक कंपनी के दो कर्मचारी भी शामिल हैं। इसके अलावा छरबा, फुलसनी, हरबर्टपुर, डांडा जीवनगढ़, पंजाबी कॉलोनी, विद्यापीठ मार्ग में भी संक्रमित मिले हैं। कुल मिलाकर हर दिन जिस तरह मामले मिल रहे हैं उससे एक्टिव केस भी दिन-ब-दिन बढ़ते जा रहे हैं। इससे अस्पतालों में भी व्यवस्थाएं चरमराने लगी हैं।

वायरोलॉजी लैब तक पहुंचा कोरोना, दो दिन के लिए जांच बंद

कोरोना संक्रमण राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी की वीआरडीएल (वायरोलॉजी रिसर्च एंड डायग्नोस्टिक) लैब तक पहुंच गया है। यहां लैब टेक्नीशियन के संक्रमित पाए जाने के बाद कोरोना जांच 11 सितंबर तक के लिए बंद कर दी गई है। इस कारण गुरुवार और शुक्रवार को लैब में कुमाऊं के किसी भी सैंपल की जांच नहीं होगी।

प्रदेश में आज पांच कोरोना मरीजों की मौत हुई है। मुख्यमंत्री के ओएसडी ऊर्वादत्त भट्ट की संक्रमित पत्नी वर्षा गोनियाल की भी मौत हुई है। कोरोना से मरने वालों की संख्या 377 हो गई है। वहीं, 521 कोरोना मरीजों को इलाज के बाद घर भेजा गया। इनहें मिला कर अब तक 18783 मरीज ठीक हो

राज्य में 1.31 प्रतिशत बढ़ गई संक्रमण दर
प्रदेश में सैंपलिंग बढ़ने के साथ कोरोना संक्रमण लगातार बढ़ रहा है। एक माह के भीतर राज्य में संक्रमण दर 1.31 प्रतिशत बढ़ी है। वहीं, रिकवरी दर 70 प्रतिशत से कम है। नए संक्रमित मरीजों की तुलना में ठीक होने वालों की संख्या कम होने सक्रिय मामले बढ़ रहे हैं। अस्पतालों पर इलाज का दबाव बढ़ रहा है।

प्रदेश में कोरोना संक्रमण का पहला मामला 15 मार्च को मिला था। तब से लेकर वर्तमान में 4.60 लाख लोगों की जांच गई है। 27 हजार से अधिक लोग संक्रमित मिले। कोरोना संक्रमण रोकने के लिए सरकार का फोकस सैंपल जांच बढ़ाने पर है। पहले की तुलना में राज्य में कोविड सैंपलों की जांच बढ़ी है। प्रतिदिन औसतन नौ हजार सैंपल जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। जांच तेज होने से संक्रमण दर का ग्राफ बढ़ रहा है।

एक माह पहले जहां प्रदेश में संक्रमण दर 4.62 प्रतिशत थी। वहीं अब संक्रमण दर 5.93 प्रतिशत हो गई है। संक्रमित मरीजों की रफ्तार यही रही तो संक्रमण दर छह प्रतिशत से अधिक हो जाएगी। सचिव स्वास्थ्य अमित सिंह नेगी का कहना है कि पहले की तुलना में कोविड जांच काफी बढ़ी है।

रोजाना नौ हजार से अधिक सैंपल जांच के लिए जा रहे हैं। जांच को प्रतिदिन 10 हजार तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। सैंपल जांच बढ़ने से कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ रही है। नए मामले आने के साथ ही मरीज ठीक भी हो रहे हैं। मृत्यु दर को रोकने पर विशेष फोकस है।

सचिव शिक्षा मिले संक्रमित अनुभाग बंद करने की मांग
सचिव शिक्षा आर मीनाक्षी सुंदरम के भी कोरोना की चपेट में आने की सूचना है। हालांकि शासन स्तर पर कोई भी अधिकारी इसकी पुष्टि नहीं कर रहा है। लेकिन माध्यमिक शिक्षा के अनुभाग अधिकारियों के अपर मुख्य सचिव (सचिवालय प्रशासन) राधा रतूड़ी को लिखे पत्र से इसकी तस्दीक हो गई है। पत्र में माध्यमिक शिक्षा के अनुभाग अधिकारियों ने शिक्षा सचिव के कोरोना पॉजिटिव होने का उल्लेख किया है। साथ ही यह मांग की है कि उनके अनुभागों को अगले दो दिनों के लिए बंद कर दिया जाए।

उनके पत्र पर सचिवालय प्रशासन के निर्देश पर माध्यमिक शिक्षा के अनुभाग एक, अनुभाग दो, तीन, चार व पांच को दो-तीन बार सैनिटाइज किया गया है। फिलहाल अनुभागों को बंद नहीं करने का फैसला लिया गया है। एसीएस को अनुभाग अधिकारी देवेंद्र प्रसाद, आशा कांडपाल, बिपिन चंद्र जोशी, सुनील लखेड़ा और अरविंद कुमार दिवाकर ने एक साझा पत्र लिखा है।

पत्र में कहा गया है विद्यालय शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम व उत्तरी ब्लॉक से सटे पोटा भवन के पहले तल पर अनुसचिव पंचायती बलवंत सिंह भाकुनी को कोराना पॉजिटिव पाए गए हैं। पोटा भवन के पास माध्यमिक शिक्षा के चार अनुभागों व पंचायती राज के अनुसचिव के कार्यालय में जाने का रास्ता एक ही है। उन्होंने एसीएस से अनुरोध किया कि एहतियात के तौर पर उनके अनुभागों को दो दिन बंद रखा जाए।
कोरोना की चपेट में आ रहे हैं सचिवालय के अधिकारी
तमाम एहतियात बरतने के बावजूद सचिवालय के अधिकारी कोरोना की चपेट में आ रहे हैं। सचिव श्रम हरबंस सिंह चुघ, अपर सचिव समाज कल्याण व ग्राम्य विकास डॉ.राम बिलास यादव और उनके बाद सचिव शिक्षा आर मीनाक्षी सुंदरम की कोविड
जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आने से सचिवालय कर्मचारियों में काफी चिंता है।

सचिवालय में लॉकडाउन के मसले पर सीएम से बात करेंगे सीएस
उत्तराखंड सचिवालय संघ ने एक बार फिर मुख्य सचिव ओम प्रकाश से मुलाकात कर उनसे सचिवालय को सात दिन बंद रखने की मांग की। संघ के महासचिव राकेश जोशी के मुताबिक उन्होंने मुख्य सचिव को बताया कि सचिवालय में कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ता जा रहा है। सचिव स्तर के अधिकारी भी कोरोना की जद में आ रहे हैं।

सचिवालय में कोरोना जांच शुरू की गई थी, लेकिन डिस्पेंसरी के डाक्टर में ही कोरोना की पुष्टि हो गई। इससे जांच कराने वाले 80 से ज्यादा कर्मचारियों में भारी चिंता है। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारी खुद स्वास्थ्य और जीवन को लेकर चिंतित हैं। जोशी के मुताबिक मुख्य सचिव ने आश्वस्त किया कि वे मुख्यमंत्री से इस संबंध में बात करेंगें।

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