प्लास्टिक नहीं, अब बांस बोतल में पानी,पहली अक्टू. हो रही लॉन्च

नितिन गडकरी एक अक्तूबर को करेंगे लांच,सूक्ष्म , लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय(एमएसएमई मंत्रालय) ने इस बोतल को अक्टूबर में लांच करने का फैसला किया है. यह पर्यावरण को अनुकूल रखने के साथ हेल्थ के लिए भी फायदेमंद रहेगी.
नई दिल्लीः प्लास्टिक का इस्तेमाल सिर्फ इंसान ही नहीं बल्कि जानवरों के लिए भी बहुत खतरनाक है. इससे ना ही पर्यावरण दूषित होता है बल्कि कई तरह की बीमारियां भी फैलती हैं. यही नहीं देश भर में बढ़ रहे कचरे का भी सबसे बड़ा कारण प्लास्टिक ही है, क्योंकि इसे नष्ट करना काफी मुश्किल होता है. ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वच्छता अभियान के साथ ही प्लास्टिक के दुष्प्रभावों को ध्यान में रखते हुए 2 अक्टूबर से सिंगल यूज़ प्लास्टिक पर बैन लगाने की बात कही है.प्रधानमंत्री मोदी के इस कदम का साथ देने के लिए एमएसएमई मंत्रालय के अधीन कार्य करने वाली खादी ग्रामोउद्योग ने बांस की बोतल मार्केट में लांच करने का फैसला किया है.

हेल्थ के लिए भी होगी फिट
एमएसएमई मंत्रालय ने इस बोतल को अक्टूबर में लांच करने का फैसला किया है. यह पर्यावरण को अनुकूल रखने के साथ हेल्थ के लिए भी फायदेमंद रहेगी. इस बोतल की कैपेसिटी कम से कम 750 एमएल होगी. इसकी कीमत 300 रुपए से शुरू होगी. यह बोतल लम्बे समय तक टिकाऊ रहेगी और ख़राब होने के बाद आसानी से डिस्पोज़ भी करी जा सकेगी.
गडकरी करेंगे लांच
यह बोतल सेंट्रल एमएसएमई मिनिस्टर नितिन गडकरी 1 अक्टूबर को लांच करेंगे और 2 अक्टूबर से इसकी बिक्री खादी स्टोर में शुरू हो जाएगी. इसे पहले भी प्लास्टिक पर रोक लगाने के लिए कुल्हड़ के ग्लास को बढ़ावा दिया गया था.
केवीआईसी चेयरमैन ने बताया कि प्लास्टिक के इस्तेमाल को कम करने के लिए केवीआईसी मिट्टी के कुल्हड़ का निर्माण करा रहा है। इस काम के लिए इलेक्ट्रिक पॉटर केवीआईसी की तरफ से दिए जाते हैं। उन्होंने बताया कि रेलवे स्टेशन एवं अन्य जगहों पर मिट्टी के कुल्हड़ों की सफलता को देखते हुए चालू वित्त वर्ष 2019-20 के अंत तक मिट्टी के कुल्हड़ की उत्पादन क्षमता को 3 करोड़ तक ले जाने का लक्ष्य हैं। उन्होंने बताया कि खादी ग्रामोद्योग में 2 अक्टूबर से कच्ची घानी के सरसों तेल की भी बिक्री शुरू होगी। यह बिल्कुल शुद्ध तेल होगा और एक लीटर तेल की कीमत 200 रुपए होगी। सक्सेना ने यह भी बताया कि 2 अक्टूबर से खादी ग्रामोद्योग के स्टोर में सैनेटरी पैड की बिक्री भी शुरू हो रही है। एक पैक की कीमत 25 रुपए होगी। इसका निर्माण पंजाब में किया गया है। उन्होंने कहा कि बांस की बोतल की बिक्री शुरू होने से भारी संख्या में रोजगार उत्पन्न होगा। बोतल से बांस की खुशबू भी लोगों को मिलती रहेगी।
उन्होंने आगे बताया कि भारत बांस का विश्व में दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक देश हैं, लेकिन हम इसका इस्तेमाल अपने उत्पादों में 5 फीसदी भी नहीं करते हैं। जबकि चीन अपने फर्नीचर के निर्माण में 90 फीसदी तक बांस का इस्तेमाल करता है। सक्सेना ने बताया कि बांस की बोतल की कीमत उसके आकार पर निर्भर करेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *