इमरान  की अमेरिकी एयरपोर्ट पर ‘घोर बेइज्जती’, स्वागत नहीं , मेट्रो से जाना पड़ा पाक राजदूत के आवास

 तीन दिवसीय दौरे के तहत अमेरिका पहुंचे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को एयरपोर्ट पर ही बेइज्जती का सामना करना पड़ा जहां कोई भी अमेरिकी अधिकारी उनके स्वागत के लिए नहीं पहुंचा।

मुख्य बातें

  • एयरपोर्ट पर कोई भी अमेरिकी अधिकारी इमरान के स्वागत के लिए नहीं पहुंचा
  • इमरान खान मेट्रो की यात्रा कर  पहुंचे पाकिस्तान के राजदूत के आवास
  • इमरान के साथ पाकिस्तानी आर्मी चीफ कमर बाजवा और विदेश मंत्री कुरैशी भी गए हैं

वॉशिंगटन: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान अपनी तीन दिवसीय आधिकारिक यात्रा के तहत शनिवार दोपहर अमेरिका पहुंचे। कंगाल अर्थव्यवस्था और आतंकवाद के दाग को लेकर इमरान खान सोमवार को व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से  मुलाकात करेंगे। मदद की आस में अमेरिका पहुंचे इमरान को एयरपोर्ट पर बेइज्जती का सामना करना पड़ा।

कतर एअरवेज की उड़ान से एयरपोर्ट पहुंचे  इमरान को अमेरिका का कोई मंत्री तो दूर, सरकारी अधिकारी भी स्वागत करने नहीं पहुंचे। हालात ये रहे कि इमरान को मेट्रो से खुद अपने विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी के साथ एयरपोर्ट से पाक राजदूत के आवास जाना पड़ा और इस दौरान पाकिस्तानी अधिकारियों के अलावा उनके साथ कोई भी अमेरिकी अधिकारी मौजूद नहीं था। आपको बता दें कि इमरान खान से पहले प्रधानमंत्री के रूप में नवाज शरीफ ने 2015 में अमेरिका का दौरा किया किया।

पाकिस्तानी मूल के लोगों को करेंगे संबोधित
पाकिस्तानी अखबार डॉन के अनुसार, पाकिस्तान के सेनाध्यक्ष जनरल क़मर जावेद बाजवा और इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस यानि आईएसआई (ISI) के महानिदेशक फ़ैज़ हमीद, वाणिज्य के लिए प्रधानमंत्री के सलाहकार अब्दुल रज्जाक दाऊद प्रधानमंत्री इमरान खान के साथ हैं। यह पहली बार है जब व्हाइट हाउस में प्रधानमंत्री के साथ दो शीर्ष जनरलों का आगमन हुआ है। अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री इमरान खान अमेरिका में 3 दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर आए हैं। पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी, जो फिलहाल अमेरिका में मौजूद हैं। उन्होंने खुद प्रधानमंत्री इमरान खान को रिसीव किया। पहली बार अमेरिका पहुंचे पाकिस्तानी PM इमरान खान, सेना प्रमुख बाजवा, ISI चीफ भी साथ                                    वॉशिंगटन डीसी में अपने प्रवास के दौरान ट्रंप से मुलाकात करने के अलावा इमरान खान का अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के कार्यकारी प्रमुख डेविड लिप्टन और विश्व बैंक के अध्यक्ष डेविड मालपास से भी मुलाकात करने का कार्यक्रम है। रविवार को वह कैपिटल ‘वन एरीना’ में पाकिस्तानी-अमेरिकियों की सभा को रविवार को संबोधित करेंगे।

एक तरफ जहां इमरान खान, 22 जुलाई को ट्रंप के साथ बातचीत करेंगे, तो दूसरी ओर पाकिस्तान आर्मी चीफ, अमेरिकी रक्षा मंत्री पैट्रिक एम और संयुक्त चीफ ऑफ स्टाफ जनरल मार्क से मुलाकात करेंगे। इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) ने बताया कि इमरान खान अपनी इस यात्रा के दौरान ट्रंप के साथ अफगानिस्तान और दक्षिण एशियाई क्षेत्र में शांति पर चर्चा करेंगे। इमरान खान खान अमेरिका में पाकिस्तान के राजदूत के आवास पर रहेंगे।

लॉबिंग पर पाक को भरोसा
पाकिस्तान ने अमेरिका के साथ अपने रिश्ते सुधारने के लिए एक प्रमुख लॉबिंग फर्म को काम पर रखा है। 2017 में डोनाल्ड ट्रम्प के पद संभालने के बाद से ही पाकिस्तान और अमेरिका के बीच संबंध अच्छे नहीं हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कई बार पाकिस्तान को आतंकी संगठनों पर लगाम लगाने में नाकाम रहने और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में उसकी भागिदारी को लेकर नसीहत दे चुके हैं।

प्रधानमंत्री इमरान खान सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति से ओवल में कार्यालय में मिलने वाले हैं। बता दें कि लगभग चार वर्षों के बाद कोई पाकिस्तानी नेता अमेरिकी दौरे पर जा रहा है। इससे पहले अक्टूबर 2015 में नवाज शरीफ अमेरिका दौरे पर गए थे। समाचार एजेंसी के मुताबिक पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने वाशिंगटन में रेनॉल्ड्स और उनकी टीम के सदस्यों के साथ चर्चा की। इस दौरान उन्होंने लॉबिंग फर्म के साथ अनुबंध पर हस्ताक्षर किया।

बता दें कि इस लॉबिंग टीम में रेनॉल्ड्स, अमेरिकी कांग्रेस के कई पूर्व सदस्य, पूर्व वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी समेत कई विशेषज्ञ शामिल हैं। एक रिपोर्ट में कहा गया है कि वाशिंगटन में पाकिस्तानी दूतावास का पिछले छह सालों से लॉबिस्ट नहीं है।

इमरान खान के अमेरिकी दौरे को लेकर बलोच, सिंधी और मोहाजिर समेत पाकिस्तान के कई धार्मिक अल्पसंख्यक समुदाय विरोध प्रदर्शन भी कर रहे हैं। दरअसल पाकिस्तानी सरकार पर हमेशा से ही बलोच और सिंधी समाज के खिलाफ अत्याचार करने के आरोप लगते रहे हैं। हाल ही में इंग्लैंड में आयोजित विश्व कप मुकाबलों के दौरान भी पाकिस्तान के खिलाफ स्टेडियम में नारेबाजी के साथ-साथ पोस्टर और बैनर भी लहराए गए थे। इन बैनरों में बलोच का समर्थन किया गया था।पाक डिप्लोमेट ने कहा -कमजोर होगी इमरान की अमेरिकी यात्रा
पाकिस्तान के एक पूर्व राजनयिक ने इमरान खान की अमेरिका यात्रा को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इमरान का अमेरिकी दौरान वास्तविकता के लिहाज से कमजोर दौरा होगा और उनके पास ऐसा वादा करने के लिए कुछ भी नहीं है जो उन्होंने पहले ना किया हो। अमेरिका में पाकिस्तान के पूर्व राजदूत हुसैन हक्कानी ने पीटीआई से कहा, ‘इमरान खान अमेरिका के नए राष्ट्रपति को पुराना माल बेचेंगे। उनके पास वादा करने के लिए ऐसा कुछ भी नहीं है जो उन्होंने पहले ना किया हो।’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *